नगर निगम में फिर फूटा ‘करप्शन का जिन्न’: जोन-B के SE प्रवीन सिंगला पर करोड़ों के टेंडर घोटाले के आरोप
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26 साल से एक ही शहर में तैनाती पर उठे सवाल, रिश्तेदारों को टेंडरों में फायदा पहुंचाने का आरोप | मुख्यमंत्री को दस्तावेजी शिकायत, उच्च स्तरीय जांच की मांग
लुधियाना, 2 जुलाई (जीत समाचार)
लुधियाना नगर निगम में एक बार फिर भ्रष्टाचार के आरोपों ने सुर्खियां बटोर ली हैं। जोन-बी में तैनात सुपरिटेंडेंट इंजीनियर (SE) प्रवीन सिंगला के खिलाफ करोड़ों रुपये के टेंडर आवंटन में कथित अनियमितताओं, रिश्तेदारों को लाभ पहुंचाने, बैकडोर भर्ती और पद के दुरुपयोग के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इस संबंध में संजय गांधी कॉलोनी निवासी राजिंद्र पाल सिंह ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को दस्तावेजों सहित शिकायत भेजकर उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
शिकायत में दावा किया गया है कि प्रवीन सिंगला पिछले करीब 26 वर्षों से लुधियाना में विभिन्न पदों पर कार्यरत रहे हैं और उनका अधिकांश कार्यकाल जोन-बी में ही बीता है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि राजनीतिक प्रभाव के चलते उनका स्थानांतरण प्रभावी ढंग से नहीं हो पाया और वे वर्षों से एक ही स्थान पर बने हुए हैं।
रिश्तेदारों को फायदा पहुंचाने का आरोप
शिकायत के अनुसार, SE पर आरोप है कि उन्होंने अपने रिश्तेदारों एवं कथित चहेते ठेकेदारों के माध्यम से एक नेटवर्क तैयार कर रखा है। आरोप है कि टेंडर जारी होने से पहले अनुमानित लागत (एस्टीमेट) इस प्रकार तैयार की जाती थी जिससे कुछ विशेष कंपनियों को लाभ मिले। इसके बाद कथित रूप से उन्हीं कंपनियों को करोड़ों रुपये के कार्य आवंटित किए जाते थे।
‘पूलिंग और कोडिंग’ का भी आरोप
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि टेंडरों के बदले कथित तौर पर कमीशन लिया जाता था और उसी राशि का इस्तेमाल आगे टेंडरों की कथित “पूलिंग” और “कोडिंग” में किया जाता था। शिकायतकर्ता ने इसे संगठित तरीके से चलाए जा रहे टेंडर नेटवर्क का हिस्सा बताया है।
10 वर्षों के रिकॉर्ड की जांच की मांग
राजिंद्र पाल सिंह का कहना है कि मुख्यमंत्री को भेजी गई शिकायत के साथ संबंधित कंपनियों, उन्हें मिले टेंडरों और कथित वित्तीय लेनदेन का विवरण भी उपलब्ध कराया गया है। उनका दावा है कि यदि पिछले 10 वर्षों के टेंडरों, बैंक खातों और वित्तीय रिकॉर्ड की निष्पक्ष जांच कराई जाए तो नगर निगम के बड़े घोटालों में से एक का खुलासा हो सकता है। शिकायतकर्ता ने यह भी कहा है कि वह जल्द ही कथित बेनामी संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज भी सार्वजनिक करेंगे।
