विधायक का औचक दौरा… और खुल गई ठेकेदार की पोल!
इंटरलॉक टाइल को खड़काया तो हाथ में ही टूट गई! विधायक सिद्धू ने मौके पर रुकवाया काम
साइकिल यूनाइटेड के पास चल रहे काम में घटिया सामग्री का आरोप—SDO, JE और कमिश्नर को शिकायत के निर्देश
जीत समाचार / लुधियाना / 14 सितंबर 2026 यादविंदर
नगर निगम लुधियाना के विकास कार्यों की गुणवत्ता को लेकर उस समय बड़ा सवाल खड़ा हो गया, जब Atam Nagar के विधायक कुलवंत सिंह सिद्धू ने साइकिल यूनाइटेड के पास चल रहे इंटरलॉक टाइल लगाने के काम का अचानक निरीक्षण कर दिया।बताया गया कि विधायक ने मौके पर लगाई जा रही इंटरलॉक टाइल को खुद जांचा। टाइल को खड़काकर/चेक करने के दौरान उसके टूट जाने पर विधायक ने मौके पर मौजूद कर्मचारियों और संबंधित अधिकारियों के कामकाज पर सवाल उठाए।
मौके पर ही विधायक का एक्शन!
विधायक कुलवंत सिंह सिद्धू ने मौके पर निर्देश दिए कि घटिया सामग्री का इस्तेमाल न किया जाए और खराब टाइलें हटाकर सही गुणवत्ता वाली टाइलें लगाई जाएं।उन्होंने संबंधित अधिकारियों को मामले की जानकारी देने तथा SDO और JE को काम की गुणवत्ता की जांच करने के निर्देश दिए।मौके पर मजदूरों को भी खराब बताई जा रही इंटरलॉक टाइलें हटाकर बेहतर सामग्री लगाने के लिए कहा गया।
अगर विधायक आज नहीं पहुंचते तो?
अब सबसे बड़ा सवाल यही है—
1 क्या ठेकेदार इसी सामग्री से पूरा काम करके निकल जाता?
2 अगर मौके पर औचक निरीक्षण नहीं होता और टाइलों की गुणवत्ता पर सवाल नहीं उठता, तो क्या यही सामग्री सड़क पर लगती रहती?
3 जनता के टैक्स से होने वाले विकास कार्यों में गुणवत्ता की निगरानी आखिर किसकी जिम्मेदारी है?
विधायक सिद्धू का बयान
जीत समाचार से बातचीत में विधायक कुलवंत सिंह सिद्धू ने बताया कि वह वहां से किसी काम के लिए जा रहे थे। रास्ते में उन्होंने इंटरलॉक टाइल लगाने का काम देखा और गुणवत्ता पर संदेह होने पर मौके पर टाइल की जांच की विधायक के अनुसार, जांच में उन्हें सामग्री खराब लगी। उन्होंने कमिश्नर को शिकायत करने, SDO को काम तुरंत बंद करवाने और ठेकेदार को बुलाकर सही गुणवत्ता का माल लगवाने के निर्देश दिए।
जीत समाचार का सवाल
सरकारी पैसा… जनता का टैक्स… फिर गुणवत्ता से समझौता क्यों? विकास कार्यों में इस्तेमाल होने वाली सामग्री की गुणवत्ता की नियमित जांच होनी चाहिए। विधायक के औचक निरीक्षण में अगर टाइल की गुणवत्ता पर सवाल उठता है, तो अब संबंधित विभाग के अधिकारियों की जिम्मेदारी बनती है कि पूरे काम की गुणवत्ता की जांच कर रिपोर्ट सामने रखें।
अब निगाहें SDO–JE–कमिश्नर पर
1 क्या पूरे काम के सैंपल की जांच होगी?
2 क्या ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई होगी?
3 क्या खराब टाइलें हटाकर दोबारा काम कराया जाएगा?
4 क्या भुगतान से पहले गुणवत्ता की स्वतंत्र जांच होगी?
विधायक ने तो मौके पर काम रुकवा दिया—अब अधिकारी आगे क्या करते हैं, यह देखने वाली बात होगी।
जनता के पैसे की रखवाली जरूरी है!
जीत समाचार विकास कार्यों की गुणवत्ता से जुड़े मामलों को जनता के सामने लाता रहेगा।

