जीत समाचार | नई दिल्ली जंतर-मंतर के नाम पर वायरल वीडियो निकला पुराना, दिल्ली पुलिस ने किया दावा खारिज
SIR को लेकर सियासी घमासान के बीच सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था प्रदर्शन का वीडियो
नई दिल्ली, 27 सितंबर:जीत समाचार
चुनाव आयोग की स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) प्रक्रिया को लेकर देश में जारी राजनीतिक बहस के बीच जंतर-मंतर पर कथित बड़े विरोध प्रदर्शन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। दिल्ली पुलिस ने अब इस वीडियो को लेकर स्थिति स्पष्ट करते हुए इसे पुराना और आर्काइव्ड फुटेज बताया है।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, वीडियो को वर्तमान समय में जंतर-मंतर पर चल रहे बड़े प्रदर्शन का बताकर शेयर किया जा रहा था, जबकि यह किसी पुरानी घटना की रिकॉर्डिंग है। पुलिस ने सोशल मीडिया यूजर्स को ऐसे वीडियो की सत्यता जांचने की सलाह दी है और जानबूझकर भ्रामक सामग्री फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
संजय राउत समेत कई अकाउंट्स से शेयर हुआ वीडियो
रिपोर्टों के अनुसार, शिवसेना (UBT) सांसद संजय राउत समेत कई सोशल मीडिया अकाउंट्स से यह वीडियो शेयर किया गया था और इसे वर्तमान विरोध प्रदर्शन से जोड़कर दावा किया गया। दिल्ली पुलिस के स्पष्टीकरण के बाद इस दावे की सत्यता पर सवाल खड़े हुए हैं।
SIR को लेकर विपक्ष का विरोध जारी
वहीं, SIR प्रक्रिया को लेकर विपक्षी दलों की ओर से विरोध और सवाल उठाने का सिलसिला जारी है। PDP प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने 29 सितंबर को जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में लोगों से शामिल होने की अपील की है।
इस बीच INDIA ब्लॉक से जुड़े दलों की 30 सितंबर को बैठक होने की संभावना भी सामने आई है, जिसमें चुनाव आयोग और SIR से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की जा सकती है।
पुराना वीडियो बनाम नया प्रदर्शन—तथ्य जांच जरूरी
SIR को लेकर वास्तविक राजनीतिक गतिविधियां और प्रस्तावित प्रदर्शन अलग विषय हैं, लेकिन वायरल वीडियो को मौजूदा प्रदर्शन का दृश्य बताना दिल्ली पुलिस के अनुसार गलत है। ऐसे में सोशल मीडिया पर सामने आने वाले वीडियो की तारीख और स्रोत की पुष्टि करना महत्वपूर्ण है।
जीत समाचार की अपील: किसी भी वायरल वीडियो या दावे को आगे बढ़ाने से पहले उसकी सत्यता और आधिकारिक स्रोत की पुष्टि जरूर करें।

